फर्जी ख़बर : एलआईसी (LIC) को भारी नुकसान की वायरल खबर का सच, क्या वाकई डूब गया निवेशकों का पैसा?
LIC Viral News. इन दिनों सोशल मीडिया और वॉट्सऐप पर एक खबर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि देश की सबसे बड़ी सरकारी बीमा कंपनी ‘भारतीय जीवन बीमा निगम’ (LIC) को भारी नुकसान हुआ है। दावों के मुताबिक, शेयर बाजार में एलआईसी के शेयर की कीमत रातों-रात 50% तक ‘क्रैश’ हो गई है। इस खबर ने लाखों पॉलिसीधारकों और निवेशकों में हड़कंप मचा दिया है। लेकिन क्या सच में एलआईसी को इतना बड़ा नुकसान हुआ है? आइए जानते हैं इस वायरल खबर की पूरी सच्चाई।
क्या है वायरल दावा
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कुछ स्क्रीनशॉट और वीडियो शेयर किए जा रहे हैं, जिनमें दिखाया जा रहा है कि LIC का शेयर जो कुछ दिन पहले तक 830 रुपये के आसपास ट्रेड कर रहा था, वह अचानक 50% गिरकर 413 रुपये पर आ गया है। इसे एलआईसी का दिवालिया होना या निवेशकों का हजारों करोड़ रुपये डूब जाना बताकर पैनिक फैलाया जा रहा है।
क्या है 50% की इस गिरावट का सच
हमारी पड़ताल में भारी नुकसान की यह वायरल खबर पूरी तरह भ्रामक और आधी-अधूरी जानकारी पर आधारित निकली। एलआईसी को कोई व्यावसायिक या आर्थिक नुकसान नहीं हुआ है। शेयर की कीमत में 50% की जो गिरावट स्क्रीन पर दिखाई दे रही है, वह वास्तव में 1:1 बोनस इश्यू (Bonus Issue) के कारण हुआ एक तकनीकी एडजस्टमेंट (Technical Adjustment) है।
- बोनस इश्यू का गणित: एलआईसी ने हाल ही में (मई 2026 के अंत में) अपने निवेशकों के लिए 1:1 बोनस शेयर का ऐलान किया था। इसका सीधा मतलब है कि निवेशकों के पास मौजूद हर एक शेयर पर उन्हें एक अतिरिक्त शेयर मुफ्त मिलेगा।
- जब भी कोई कंपनी बोनस शेयर जारी करती है, तो उसकी ‘रिकॉर्ड डेट’ पर शेयर की कीमत भी उसी अनुपात में आधी हो जाती है। चूंकि शेयर दोगुने हो गए, इसलिए कीमत 830 रुपये से एडजस्ट होकर लगभग 413 रुपये हो गई। यह कोई ‘क्रैश’ नहीं है, बल्कि शेयर बाजार की एक सामान्य गणितीय प्रक्रिया है। निवेशक की कुल निवेश वैल्यू में कोई कमी नहीं आई है।
हालिया बाजार की अन्य हलचल का सच
एलआईसी को लेकर कुछ अन्य खबरें भी चर्चा में हैं, जिन्हें नुकसान से जोड़कर भ्रम फैलाया जा रहा है:
-
सरकार का OFS
भारत सरकार जून-जुलाई 2026 में एलआईसी में अपनी 1.5% से 2% हिस्सेदारी ‘ऑफर फॉर सेल’ (OFS) के जरिए बेचने की तैयारी कर रही है। बाजार में करीब 10,000 करोड़ रुपये के नए शेयर आने की संभावना (सप्लाई बढ़ने) के कारण शेयरों पर हल्का दबाव (3-4% की गिरावट) देखा गया है, जो एक सामान्य प्रक्रिया है। -
राजेश एक्सपोर्ट्स विवाद
हाल ही में सेबी की कार्रवाई के बाद ‘राजेश एक्सपोर्ट्स’ के शेयरों में गिरावट आई है, जिसमें एलआईसी का भी निवेश है। आपको बता दें कि एलआईसी का निवेश पोर्टफोलियो लाखों करोड़ रुपये का है। किसी एक कंपनी के शेयर में उतार-चढ़ाव से एलआईसी जैसी विशाल संस्था की सेहत पर कोई गंभीर असर नहीं पड़ता।
एलआईसी पूरी तरह से सुरक्षित और मजबूत आर्थिक स्थिति में है। 50% नुकसान का दावा केवल बाजार की कार्यप्रणाली को न समझने का नतीजा है। पॉलिसीधारकों और निवेशकों को वॉट्सऐप यूनिवर्सिटी की ऐसी भ्रामक और पैनिक फैलाने वाली खबरों से बचना चाहिए। आपकी पॉलिसी और आपका पैसा, दोनों पूरी तरह सुरक्षित हैं।
